उत्तराखंड में आगामी चारधाम यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। यात्रा के लिए ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया शुरू होते ही पहले ही दिन रिकॉर्ड 1.24 लाख श्रद्धालुओं ने रजिस्ट्रेशन कराया। यह पंजीकरण पर्यटन विभाग की वेबसाइट और मोबाइल एप के माध्यम से किया गया।

पर्यटन विभाग के अनुसार सबसे अधिक पंजीकरण केदारनाथ धाम के लिए हुए हैं। पहले दिन केदारनाथ के लिए 42,405 श्रद्धालुओं ने रजिस्ट्रेशन कराया। इसके बाद बदरीनाथ धाम के लिए 36,580, गंगोत्री धाम के लिए 22,764 और यमुनोत्री धाम के लिए 22,340 श्रद्धालुओं ने पंजीकरण करवाया।

चारधाम यात्रा के लिए ऑनलाइन पंजीकरण सुबह 7 बजे से शुरू हुआ, जिसके बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने वेबसाइट और मोबाइल एप के जरिए अपना रजिस्ट्रेशन कराया। पर्यटन विभाग की आधिकारिक वेबसाइट registrationandtouristcare.uk.gov.in और मोबाइल एप Tourist Care Uttarakhand के माध्यम से श्रद्धालु आसानी से पंजीकरण कर सकते हैं।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि चारधाम यात्रा पर आने वाले सभी श्रद्धालुओं के लिए पंजीकरण अनिवार्य है। भारतीय श्रद्धालु अपने आधार कार्ड के माध्यम से रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं, जबकि विदेशी श्रद्धालुओं के लिए ई-मेल आईडी के जरिए पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध कराई गई है।

इसके अलावा जो श्रद्धालु ऑनलाइन पंजीकरण नहीं कर पाएंगे, उनके लिए ऑफलाइन पंजीकरण की सुविधा 17 अप्रैल से शुरू की जाएगी। इसके लिए प्रमुख स्थानों पर पंजीकरण काउंटर खोले जाएंगे। इनमें ऋषिकेश का ट्रांजिट कैंप, हरिद्वार का ऋषिकुल मैदान और विकासनगर शामिल हैं, जहां श्रद्धालु जाकर अपना पंजीकरण करा सकेंगे।

श्रद्धालुओं की सहायता के लिए पर्यटन विभाग ने टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 0135-1364 भी जारी किया है। इस नंबर पर 24 घंटे सेवा उपलब्ध रहेगी, ताकि यात्रियों को पंजीकरण या यात्रा से जुड़ी किसी भी जानकारी में सहायता मिल सके।

चारधाम यात्रा को लेकर इस बार प्रशासन ने विशेष व्यवस्थाएं की हैं, जिससे यात्रियों को सुरक्षित और व्यवस्थित यात्रा का अनुभव मिल सके। पहले ही दिन बड़ी संख्या में हुए पंजीकरण से साफ है कि इस वर्ष भी चारधाम यात्रा में भारी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना है